लॉकडाउन में महानगरों से उत्तर प्रदेश वापस आए मजदूरों और कामगारों (migrant workers) के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) ने शुक्रवार को 'आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश रोजगार अभियान' (Aatma Nirbhar Uttar Pradesh Abhiyan) शुरू कर दिया. पीएम मोदी ने इसकी घोषणा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए की. पीएम मोदी न यहां रिमोट दबाकर इस योजना का शुभारंभ किया. उनके साथ उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी जुड़े.
सीएम आदित्यनाथ योगी ने योजना की जानकारी देते हुए बताया कि राज्य में वापस आए प्रवासी मजदूरों को होम क्वारंटीन में रखा जा रहा है, क्वारंटीन अवधि खत्म होने के बाद मजदूरों के लिए पर्याप्त संख्या में नौकरी देने के लिए योजना तैयार की गई है. इसके लिए इन श्रमिकों की स्किल मैपिंग की गई है. कोविड-19 महामारी (COVID Outbreak) के बीच देशभर में लागू लॉकडाउन (Lockdown) के चलते उत्तर प्रदेश में लगभग 35 लाख से ज्यादा मजदूर घर वापस लौटे हैं. वर्तमान में उत्तर प्रदेश के 31 जिलों में 25,000 वापस लौटे हुए प्रवासी मजदूर हैं.
केंद्र की मोदी सरकार की इस योजना में इन वापस लौटे हुए मजदूरों को रोजगार देने, स्थानीय बिजनेस को प्रमोट करने और औद्योगिक संस्थानों के साथ पार्टनरशिप कर रोजगार के अवसर बढ़ाने का लक्ष्य है. इस योजना को लेकर सरकार का कहना है कि इन मजदूरों के लिए उनके गृह राज्य और घर के आस-पास ही रोजगार उपलब्ध कराने के लिए युद्धस्तर पर काम किया जा रहा है. मजदूरों की हितों की सुरक्षा के लिए एक आयोग का भी गठन किया गया है
